जल सैलाब में रविवार की शाम बहे एक परिवार के लोगो को मिली अंतिम विदाई चारों सदस्यों का मुक्तिधाम में एक साथ हुआ अंतिम संस्कार
अनूपपुर। जिले में अमरकंटक मार्ग पर रविवार को हुए दर्दनाक हादसे में सैलाब में बह गए एक ही परिवार के चारों सदस्यों — चंद्रशेखर यादव, उनकी पत्नी प्रीति यादव, 8 वर्षीय पुत्र और 2 वर्षीय पुत्री — के शव सोमवार को बरामद कर लिए गए था वही मंगलवार को नगर के मुक्तिधाम में भावुक वातावरण में चारों का एक साथ अंतिम संस्कार किया गया।
घटना रविवार शाम को तब हुई जब यह परिवार स्विफ्ट डिज़ायर कार से अमरकंटक से अनूपपुर लौट रहा था और उफनते नाले के तेज बहाव में कार बह गई। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, एसडीआरएफ और सीसीएल की टीमों ने राहत और बचाव कार्य शुरू किया।
रविवार देर रात 11 बजे प्रीति यादव का शव अमरकंटक-रीवा मार्ग में स्थित त्रिपाठी क्रेशर के पीछे ग्राम सकरा मकान नदी के पास झाड़ियों के बीच मिला, जबकि सोमवार सुबह चंद्रशेखर यादव और दोनों मासूम बच्चों के शव घटनास्थल से कुछ दूरी पर बरामद किए गए। कार क्षतिग्रस्त हालत में कई टुकड़ों में नदी के किनारे पत्थरों के बीच फंसी हुई मिली थी। इसकी हालात देखकर लोग हैरान रह गए
मृतक परिवार वार्ड नंबर 9 बाबा कॉलोनी अनूपपुर के निवासी थे। कहा पर प्रीति यादव जिला चिकित्सालय में स्टाफ नर्स के रूप में पदस्थ थीं। परिवार की इस दर्दनाक मौत से एवं पूरे क्षेत्र में शोक की लहर सी फैल गई।
मंगलवार दोपहर 1:00 बजे अपने पुराने एवं स्थाई पाते जमुना कॉलरी में लाया गया जहां पर अंतिम संस्कार की तैयारियों के साथ अंतिम विदाई दी गई वही इस अंतिम विदाई में जिले भर के बड़ी संख्या में नगरवासी और परिजन रहे मौजूद पूरा परिवार एवं इलाका
शोक की लहर में डूबा नजर आया, सभी को आंख नम नजर आई
वही स्थानीय लोगों ने मांग की है कि ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में चेतावनी संकेत, सुरक्षा बैरिकेड्स और आपातकालीन उपाय सुनिश्चित किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं टाली जा सकें।











