मनेंद्रगढ़ जिले कांग्रेस ने खड़े किये सवाल नियमों को ताक पर रखने का आरोप
रिपोर्टर नीतू सिंह
छत्तीसगढ़ मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर इन दिनों जिला कांग्रेस ने शासन की नीतियों और नियमों को ताक पर रखकर मनेंद्रगढ़ में शिक्षकों को एनजीओ से शिक्षा दिलाने पर सवाल उठाया है पूर्व भरतपुर सोनहत विधायक गुलाब कमरों ने कहा कि प्रदेश में एनजीओ के अनुबंध और पंजीयन शिक्षा विभाग द्वारा समाप्त कर दिया गया है बावजूद नियम विरुद्ध तरीके से एनजीओ को शिक्षण और प्रशिक्षण देने का जिम्मा सौंपा गया है शासन ने शिक्षा सत्र 2024-25 के अंत में सभी जिलों में एनसीईआरटी के साथ एनजीओ का अनुबंध समाप्त कर दिया है स्पष्ट निर्देश जारी कहा था कि सत्र 2025-26 में किसी भी एनजीओ का पंजीयन नवीनीकरण अथवा अनुबंध नहीं होगा विभाग का आदेश है कि शासन की बिना अनुमति किसी भी एनजीओ से काम कराया जाना नियम विरुद्ध है लेकिन मनेंद्रगढ़ जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग ने नियमों की अवहेलना कर बेंगलुरु के एनजीओ को शिक्षकों ट्रेनिंग देने का जिम्मा सौंपा गया है पिछले शैक्षणिक सत्र में भी एनजीओ ने जिले में प्रशिक्षण दिया था फिर भी बोर्ड एग्जाम रिजल्ट के मामले मनेंद्रगढ़ जिला प्रदेश में 33 पर पायदान कर रहा है जब विद्यालय में हर विषय के पारंगत शिक्षक मौजूद है उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार सुशासन के दावे करती है दूसरी तरह शिक्षा जैसी बुनियादी व्यवस्था को लगातार कमजोर कर रही है उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारी मनमानी कर रहे हैं और नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं नियमों को ताक पर रखकर चलने वाले अधिकारियों और एनजीओ के खिलाफ तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए मामले में एनसीईआरटी के डायरेक्टर और एससीईआरटी के एनजीओ प्रभारी से बात का जांच करने की मांग रखी है उन्होंने यह भी कहा कि मामले की जानकारी को ऊपर तक पहुंचाने के कुछ देर से बाद ही एनजीओ कि ट्रेनिंग को स्थगित कर दिया है ईमानदारी का ढोंग रचकर भ्रष्टाचार करने वाले और नियम विरुद्ध काम कर रहे अफसरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए











